वादा किया था तूने कभी, न होंगे जुदा दोनों.
फिर क्यों चल देये तुम, लेके जहां मेरे दोनों.
डर बुरे समय का, सताता है मुझको आज,
दिल भी धड़कता है, फड़कती हैं आँखें दोनों.
दो गज़ ज़मीन पे था, टिका आशियां मेरा,
जब पुकारा मौत ने, गज़ काम आये दोनों.
'शिकन' मैंने कब कहा, मुझे जानते हैं लोग,
एक मैं हूं एक आप, हम ही हैं यहां दोनों.
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